मिल्क पाउडर गुलाब जामुन - Milk Powder Gulab Jamun

मिठाइयों में गुलाब जामुन सबसे ज्यादा पसन्द की जाने वाली मिठाई है. गुलाब जामुन मावा से बनाये जाते हैं, लेकिन बहुत सारी जगह पर मावा नहीं मिलता है, तो गुलाब जामुन को मिल्क पाउडर से बनाया जा सकता है, और मिल्क पाउडर से बने गुलाब जामुन उतने ही सोफ्ट और स्वादिष्ट बनते हैं जितने कि मावा से बने गुलाब जामुन होते हैं.
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आवश्यक सामग्री - Ingredients for Milk Powder Gulab Jamun
- मिल्क पाउडर - 1 कप (135 ग्राम)
- फुल क्रीम दूध - 1/2 कप
- अनसाल्टेड मक्खन - 1/4 (55 ग्राम)
- काजू - 10-12 टुकडे़
- इलायची - 7-8
- पिस्ते - 10-12
- मैदा - 4 -5 छोटी चम्मच
- घी - गुलाब जामुन तलने के लिये
- चाशनी के लिये
- चीनी - 400 ग्राम(2 कप)
विधि - How to make Gulab Jamun with milk powder
गुलाब जामुन बनाने के लिए सबसे पहले मावा बना कर तैयार कर लीजिए: इसके लिए पैन में मक्खन डाल कर पिघला लीजिए अब दूध डालिये और अच्छी तरह से मिक्स कर लीजिए गैस एकदम धीमी रहने दीजिए. दूध और मक्खन के अच्छे से मिक्स हो जाने पर, मिल्क पाउडर डालिये और लगातार चलाते हुए मिक्स कीजिये. इस मिश्रण को धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए और मसलते हुये, मिश्रण के गाढा़ और चिकना यानि कि मावा जैसा होने तक पका लीजिये. मावा के तैयार हो जाने पर गैस बंद कर दीजिए और इसे अलग प्याले में निकल लीजिए.

पिठ्ठी बना लीजिये
काजू और पिस्ते को छोटे-छोटे टुकडों में काट लीजिए और इलायची को छील कर दरदरा पाउडर बना लीजिए. आधा इलाइची पाउडर चाशनी में डालने के लिये अलग हटा लीजिये. बचा हुआ इलाइची पाउडर, कटे हुये काजू और पिस्ते और 1 चम्मच मावा, 1-2 छोटी चम्मच दूध सभी को मिलाकर पिठ्ठी तैयार कर लीजिये.
चाशनी बना लीजिये
किसी बर्तन में चीनी और 1 कप पानी डाल दीजिये और चाशनी को चीनी घुलने तक पकने दीजिये, अब चाशनी को चैक कीजिये, चाशनी के घोल से 1-2 बूंद प्लेट में टपकायें. अंगूठे और अंगुली के बीच चिपका कर देख लीजिए, चाशनी उंगली और अंगूठे के बीच चिपकनी चाहिये, चाशनी में तार देखना आवश्यक नहीं है, बस चाशनी में शहद जैसा चिपचिपापन आ जाना चाहिए. चाशनी बनकर तैयार है गैस बंद कर दीजिए. चाशनी में इलायची पाउडर डाल कर मिला दीजिए और मिक्स कर लीजिए.
मावा को चिकना कर कीजिये
मावा को किसी थाली में रख लीजिये, चार छोटे चम्मच मैदा डाल कर इसे मसल मसल कर अच्छे से चिकना होने तक मिक्स कर लीजिए. अगर मावा ज्यादा सुखा लग रहा हो तो इसमें थोडा़ सा दूध भी डाल सकते हैं, चम्मच से थोड़ा थोड़ा दूध डालते हुये मावा को मसलते हुये, चिकना आटे की तरह से गूथ कर तैयार कर लीजिये. 6-7 मिनिट में मावा सोफ्ट होकर तैयार हो जाता है.

गुलाब जामुन बनाइये
कढ़ाई में घी डाल कर गरम कीजिये, और तैयार मावा में से थोडा़ सा मिश्रण लीजिए, उसे हाथों की सहायता से अच्छे से गोल करके हल्के गरम घी में तलने के डालिये, कलछी से घी को उछालते हुये गुलाब जामुन के ऊपर डालिये, गुलाब जामुन को अच्छा गोल्डन ब्राउन होने तक तलिये, गुलाब जामुन अच्छी तरह तल कर तैयार होता है तब ठीक है, इस मावा से गुलाब जामुन बनाये जा सकते हैं.
यदि गुलाब नामुन घी में फट जाता है, तब इस मावा मिश्रण से गुलाब जामुन नहीं बना सकते, मावा में और 2-3 छोटी चम्मच मैदा मिलाइये और उसी तरह मसल कर मिक्स करके मावा को चिकना कीजिये और अब फिर से उसी तरह एक गुलाब जामुन चैक कर लीजिये. गुलाब जामुन अच्छी तरह तल कर तैयार हो गया है, अब इस मावा मिश्रण से गुलाब जामुन बनाये जा सकते हैं.
मिश्रण से थोड़ा मिश्रण तोड़ कर निकाल कर उसे गोल करके चपटा कीजिये, 1/4 छोटी चम्मच स्टफिंग इसके ऊपर रखिये और मावा को चारों ओर से उठाकर, स्टफिंग को बन्द कर दीजिये और चिकना गोल कीजिये. तैयार गोले को प्लेट में रखिये, सारे गुलाब जामुन के गोले इसी तरह बनाकर तैयार कर लीजिये.
गुलाब जामुन तल लीजिये
3-4 गोले, कढ़ाई में डालें और तलें. गुलाब जामुन को तलते समय उस पर कलछी न लगायें बल्कि गरम गरम घी उस पर कलछी से उछाल कर डालें और ब्राउन होने तल हल्के से हिला-हिला कर तलें, तले गुलाब जामुन कढ़ाई से निकाल कर, प्लेट में बिछे नैपकिन पेपर पर रखिये. थोड़ा ठंडा होने पर, 1-2 मिनिट बाद चाशनी में डुबा दीजिये. इसी तरह सारे मावा के गोले तल कर चाशनी में डाल कर डुबा दीजिये. गुलाब जामुन को चाशनी में 5-6 घंटों के लिए चाशनी डूबे रहने दीजिए ताकि गुलाब जामुन मीठा रस सोखकर मीठे और स्वादिष्ट हो जायें.
सुझाव:
- मिल्क पाउडर मावा में मैदा एक साथ ज्यादा न मिलायें, ज्याद मैदा होने से गुलाब जामुन सख्त बनते हैं.
- गुलाब जामुन तलने से पहले टैस्ट कर लें. एक गुलाब जामुन को घी में डाल कर तलें यदि गुलाब जामुन घी में फट रहा है, तब गुलाब जामुन के मावा में थोड़ा मैदा और मिलायें.
- गुलाब जामुन सख्त हो रहे हों तब मावा में 1-2 चम्मच दूध डालकर सोफ्ट करें.
- गुलाब जामुन को तलते समय, घी हल्का गरम होना चाहिये, उसके ऊपर कलछी न लगायें, बल्कि गरम-गरम घी उस पर कलछी से उछालते हुये डालें और ब्राउन होने तक हल्के से हिलाते हुए तलें.
- गुलाब जामुन के लिये चाशनी थिक नहीं होनी चाहिये. यदि चाशनी थिक होगी तो गुलाब जामुन चाशनी अन्दर तक नहीं सोख पायेंगे और अन्दर से फीके रहेंगे.
कमेंट (142)
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kya karan h iska.
निशा: मनीश जी, चाशनी गाढ़ी होने पर एसा हो सकता है.
निशा: यासिर जी, मिल्क पाउडर मावा में मैदा एक साथ ज्यादा न मिलायें, ज्याद मैदा होने से गुलाब जामुन सख्त बनते हैं. गुलाब जामुन सख्त हो रहे हों तब मावा में 1-2 चम्मच दूध डालकर सोफ्ट करें.
निशा: वर्षा जी, इसमें हमने सूजी यूज नहीं की है.
निशा: अमन जी, गुलाब जामुन इसी तरह से बनाये जाते हैं, आप इन्हैं 3-4 बार बना लेंगे तो आप इन्हैं आसानी से बनाने लगेंगे.
Could you please suggest what could have gone wrong and what I could do to rectify it the next time?
निशा: नताशा जी, मावा पतला और मैदा अधिक होने पर या चाशनी गुलाब जामुन के अन्दर न जाने पर ये अन्दर से कच्चे लगते हैं.
I have tried this recipe but I faced one problem. Mawa & Maida were not getting bind. Can you please help me in this matter.
निशा: शशि जी, दोनों को एक साथ मसल मसल कर अच्छे से चिकना होने तक मिक्स कर लीजिए. अगर मावा ज्यादा सुखा लग रहा हो तो इसमें थोडा़ सा दूध भी डाल सकते हैं, चम्मच से थोड़ा थोड़ा दूध डालते हुये मावा को मसलते हुये, चिकना आटे की तरह से गूथ कर तैयार कर लीजिये.
Gulab jamun andar se kacche niklte hai
निशा: निधि जी, तेज आंच पर तलने से ऎसा होता है.
निशा: रॉय जी, आप मेरी वेबसाइट पर जाकर गुलाब जामुन की अनेक रैसिपी देख सकते हैं.
निशा: अरविन्द जी, चाशनी गाढ़ी होने के कारण गुलाब जामुन में अन्दर नहीं जाती है, आप उसे थोड़ा पानी मिलाकर पतला कर सकते हैं.
gulabjamun me chasni andar nahi jane pr use dhimi anch me garam krne se kuch positive result milega.
निशा: सुशील जी, गुलाब जामुन के लिये चाशनी थिक नहीं होनी चाहिये. यदि चाशनी थिक होगी तो गुलाब जामुन चाशनी अन्दर तक नहीं सोख पायेंगे और अन्दर से फीके रहेंगे.
निशा: पूजा जी, चाशनी गाढ़ी होने से गुलाब जामुन नहीं फुलता है, चाशनी बनाने के लिये जितनी चीनी है उससे आधी मात्रा में पानी डालें और चीनी को घुलने तक पकने दीजिये, चाशनी को उंगली और अंगूठे के बीच चिपका कर देख लीजिये चाशनी चिपकनी होनी चाहिये, मीडियम गरम चाशनी में गुलाब जामुन डालें, वह चाशनी एब्जोर्ब करके फूल जायेंगे, ट्राई कीजिये, गुलाब जामुन अच्छे बनेंगे.
Kya mai isme bacho ko diya jane wala milk powder/ formula milk use kar sakti hu ?
निशा: निधि जी, नहीं उपयोग कर सकते हैं.
Kya mai isme bacho ko diya jane wala milk powder/ formula milk use kar sakti hu ?
निशा: श्याम जी, अगर तले गुलाब जामुन चाशनी में डालने के बाद पिचक रहे है, इसका मतलब चाशनी ठंडी और गाढ़ी है.
निशा: ओमेंद्र जी, मावा सही से मसल कर नरम किया गया हो तो गुलाब जामुन अच्छे फूले और सोफ्ट बनकर तैयार होते हैं.
निशा: बबिता जी, छोटी चम्मच खाना खाने वाली चम्मच को कहते हैं. इतने मिश्रण में 18-20 गुलाब जामुन बन जाते हैं.
निशा: वंदना जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: निशांत जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
What is the reason core of gulab jamun is hard if served cold.
निशा: सूखी जी, ठंडे होने के बाद हर चीज जमने से थोड़ी सी सख्त होती है, इसलिये गुलाबजामुन भी सख्त हो जाते हैं.
Thanks
निशा: जूली जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: जी ज़रूर बनाएं और अपने अनुभव हमारे साथ शेयर कीजिए.
निशा: नेहा जी, आपको जल्द ही यह रेसपी मेरी वेबसाइट पर मिल जाएगी.
निशा: नेहा जी, सिर्फ खोया से भी गुलाब जामुन बिलकुल इसी तरह बनेंगे, सिर्फ पनीर नहीं डालना है.
निशा: चारू जी, अगली बार गुलाब जामुन के लिए मावा को मसल मसल कर अच्छे से चिकना होने तक मिक्स करें. अन्यथा गांठे पड़ सकती हैं.