अजवाइन । Ajwain । Carom Seeds - Bishop's weed

अजवाइन का प्रयोग तड़के, पकौड़े से लेकर बेकरी में बनने वाले नमकीन तक में किया जाता है. अजवाइन की पत्तियां भी पकवान बनाने के लिए उपयोग में लायी जाती हैं. अरबी जैसी सब्जियां तो बिना अजवाइन के बनाई ही नहीं जातीं. यह किराना स्टोर्स या सूखे मसाले बेचने वाली दुकानों पर मिल जाता है.
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आहार के साथ अजवाइन अजवाइन खाने में रुचिकारक और पाचक होती है. घरों में तो अजवाइन का खटा-मीठा चूरन भी बनाकर रखा जाता है जो अक्सर खाने के बाद सेवन मे लाया जाता है. इससे हाजमा बेहतर रहता है. पाचन क्रिया को बेहतर रखने के लिए दादी-नानी अजवाइन की फंकी मार लेने की सलाह देती रहीं है. पेट में दर्द होने पर तो ये आमतौर पर खाने को दी जाती है. इसके छोटे-छोटे बीजों में लाभकारी गुण होता है जो अपनी खुश्बू और स्वाद से खाने को बेहतर बनाती है. अजवाइन की तासीर गरम और रुक्ष होती है अत:इसका इस्तेमाल उचित मात्रा में ही बेहतर होता है.
अजवाइन का तेल
अजवाइन के बीजों से तेल भी निकाला जाता है. इसके तेल को अँग्रेजी में ओमम वॉटर कहते हैं यह शरीर में होने वाले दर्दो को दूर भगाता है. इसके तेल की मालिश करने से जोड़ों के दर्द में लाभ होता है.
त्वचा के लिए कारगर
अजवाइन अजवाइन का उपयोग चर्म रोगों को दूर करने में भी लाभकारी होता है. शरीर में दाने हो जाएं या फिर दाद-खा़ज हो जाए तो, अजवाइन को पानी में गाढ़ा पीसकर दिन में दो बार लेप करने से फायदा होता है. घाव और जले हुए स्थानों पर भी इस लेप को लगाने से आराम मिलता है और निशान भी दूर हो जाते हैं. गुणकारी अजवाइन अजवाइन कैल्सियम का प्रमुख स्रोत है आयुर्वेद तथा यूनानी पद्धति में अजवाइन को औषधिय गुणों से युक्त बताया गया है. अजवाइन पेट संबंधी अनेक रोगों को दूर करने में सहायक होती है जैसे- वायु विकार, कृमि, अपच, कब्ज आदि. सूखी खांसी होने पर पान के पत्ते के साथ अल्प मात्रा में अजवाइन लेने से फायदा होता है. अर्थराइटिस के मरीज़ों को पैर दर्द में अजवाइन के तेल की मालिश करनी चाहिए, ऎसा करने से पैर दर्द में राहत मिलती है.
कान में दर्द होने पर अजवाइन के तेल की कुछ बूंदे कान में डालने से आराम मिलता है. आज के समय में मोटापा एक आम समस्या बन चुकी है ऎसे मे, अजवाइन का उपयोग करने से मोटापा भी कम होता है. अजवाइन का शहद के साथ नियमित रुप से सेवन करने से गुर्दे की पथरी की समस्या दूर होती है. अजवाइन के बीजों का उपयोग सर्दी-जुकाम को दूर करने में भी होता है. अजवाइन का सही मात्रा में इस्तेमाल सेहत और सौंदर्य को बेहतर रखता है.
कमेंट (50)
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निशा: सचिन जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: योगेश जी, अजवायन को पानी में बोयल करके और पानी को छान कर पीने से मोटापा कम होता है एसा हमने भी पढ़ा है आप ट्राई कर सकते हैं.
निशा: रंजीत जी, अजवायन को पानी में उबाल कर पीने से फैट कम होती है.
no me jyada or mujhe bhi h iska sahi upchar kya h plz hume bataye
निशा: गोपाल जी, तली चीजें और मिठाई बहुत कम खायें, और रोजाना 1 घंटे की एक्सरसाइज करें, पेट कम करने के लिये अलग व्यायाम करें, आप पेट को अवश्य कम कर सकेंगे.
निशा: मुकेश जी, मैं इसके लिये कोशिश करूंगी.
Pet kam karni ki tarike btaey
निशा: प्रीती जी, कम घी तेल में बना खाना खायें, तली चीजें बिलकुल न खायें, फल और सलाद ज्यादा खायें, एक्सरसाइज और वाक करें, मोटापा अवश्य कम होगा.
निशा: माधुरी जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
yeh bahut accha aur sasta gharelu upchar mai zarur try karungi.
Dhannyawad
निशा: ज्योति जी, बहुत बहुत धन्यवाद.